भीषण आंधी-तूफान से पलसाना उपखंड में बिजली व्यवस्था ध्वस्त
सैकड़ों पेड़ धराशायी, दर्जनों बिजली पोल और ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त, कई क्षेत्रों में ब्लैकआउट जैसे हालात
पलसाना।
पलसाना उपखंड क्षेत्र में आए भीषण आंधी-तूफान और तेज बारिश ने विद्युत व्यवस्था को पूरी तरह झकझोर कर रख दिया। तेज हवाओं के चलते सैकड़ों पेड़ उखड़कर बिजली लाइनों पर गिर गए, जिससे उपखंड के कई क्षेत्रों में बड़े स्तर पर बिजली तंत्र क्षतिग्रस्त हो गया। हालात इतने गंभीर हो गए कि अनेक गांवों और कस्बों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई और लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
पलसाना उपखंड विद्युत निगम के सहायक अभियंता लालचंद बैरवा ने बताया कि तूफान के कारण विद्युत विभाग को भारी नुकसान हुआ है। प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार लगभग 8 से 10 पोल 33 केवी लाइन के, 60 से 70 पोल 11 केवी लाइन के, 15 से 20 ट्रांसफार्मर स्ट्रक्चर तथा 20 से अधिक एलटी पोल क्षतिग्रस्त हुए हैं। इसके अलावा सैकड़ों पेड़ बिजली लाइनों पर गिरने से कई फीडरों की सप्लाई बाधित हो गई है।
उन्होंने बताया कि खराब मौसम के बावजूद अजमेर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड की टीमें लगातार फील्ड में रहकर युद्धस्तर पर बहाली कार्य में जुटी हुई हैं। निगम के अधिकारी, कनिष्ठ अभियंता एवं तकनीकी कर्मचारी क्षतिग्रस्त लाइनों, टूटे पोलों और ट्रांसफार्मरों की मरम्मत कर विद्युत आपूर्ति को जल्द से जल्द बहाल करने का प्रयास कर रहे हैं।
तूफान के कारण कई इलाकों में आपात स्थिति जैसे हालात बन गए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली बंद होने से पेयजल व्यवस्था भी प्रभावित हुई है, वहीं शहरी इलाकों में भी अंधेरा छा गया। विभाग का कहना है कि सम्पूर्ण नुकसान का आंकलन किया जा रहा है और प्राथमिकता के आधार पर संवेदनशील क्षेत्रों में बिजली बहाल की जा रही है।
विद्युत निगम ने आमजन से अपील की है कि टूटे हुए बिजली तारों, झुके हुए पोलों और क्षतिग्रस्त विद्युत संरचनाओं से दूर रहें तथा किसी भी प्रकार की दुर्घटना की आशंका होने पर तुरंत संबंधित विद्युत कार्यालय या कंट्रोल रूम को सूचना दें। बिजली विभाग के अनुसार हालात सामान्य होने में समय लग सकता है, लेकिन निगम की टीमें लगातार राहत और बहाली कार्य में लगी हुई हैं।